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ENT · September 14, 2026 · 10 min read

नाक की हड्डी का टेढ़ा होना (DNS): सांस लेने में रुकावट और सेप्टोप्लास्टी (Septoplasty)

By Dr. Sangeeta Sengar

Deviated Nasal Septum DNS consultation by Dr. Sangeeta Sengar Kanpur

Key takeaways

  • डीएनएस (Deviated Nasal Septum) में नाक के बीच का पर्दा एक तरफ झुक जाता है, जिससे सांस का रास्ता संकरा हो जाता है।
  • मुख्य लक्षणों में एकतरफा नाक बंद रहना, बार-बार साइनस इन्फेक्शन, खर्राटे और सिरदर्द शामिल हैं।
  • दवाएं केवल अस्थायी सूजन कम कर सकती हैं, हड्डी के स्थायी टेढ़ेपन को केवल सेप्टोप्लास्टी से सीधा किया जाता है।
  • मेडी हेल्प हॉस्पिटल में एंडोस्कोपिक सेप्टोप्लास्टी बिना चेहरे पर किसी बाहरी निशान के की जाती है।

क्या आपको हमेशा ऐसा महसूस होता है कि एक तरफ की नाक से सांस पूरी तरह नहीं आ रही है? क्या आपको अक्सर एक तरफा सिरदर्द, भारीपन रहता है और रात में सोते समय मुंह खोलकर सांस लेनी पड़ती है? यह समस्या डीएनएस यानी डेविएटेड नेजल सेप्टम (Deviated Nasal Septum - DNS / नाक की हड्डी का टेढ़ा होना) के कारण हो सकती है।

नाक के दोनों नथुनों के बीच एक दीवार होती है जो हड्डी और कार्टिलेज से मिलकर बनी होती है। जब यह दीवार बीच में सीधी न होकर किसी एक तरफ झुक जाती है, तो सांस लेने की नली संकरी हो जाती है। डॉ. संगीता सेंगर (वरिष्ठ ईएनटी सर्जन, मेडी हेल्प हॉस्पिटल कानपुर) यहाँ डीएनएस के कारण और आधुनिक समाधान के बारे में विस्तार से बता रही हैं।

डीएनएस (DNS) के प्रमुख कारण

  • जन्मजात कारण (Congenital): गर्भ में विकास के दौरान या जन्म के समय दबाव पड़ने से सेप्टम टेढ़ा हो सकता है।
  • नाक पर चोट लगना (Nasal Trauma): बचपन में खेलकूद, गिरने या सड़क दुर्घटना में नाक पर लगी चोट से हड्डी एक तरफ मुड़ जाती है।

टेढ़ी नाक की हड्डी के प्रमुख लक्षण

  1. नाक का लगातार बंद रहना (Nasal Obstruction): एक या दोनों तरफ से सांस लेने में कठिनाई।
  2. बार-बार साइनस और सर्दी (Recurrent Sinusitis): सेप्टम टेढ़ा होने से साइनस की नालियां ब्लॉक हो जाती हैं और बलगम जमा होने लगता है।
  3. सिरदर्द और चेहरे पर भारीपन: संकरी जगह पर नसों पर दबाव पड़ने से लगातार भारी सिरदर्द रहता है।
  4. तेज खर्राटे और मुंह सूखना: नाक से सांस न आने के कारण व्यक्ति रातभर मुंह से सांस लेता है जिससे गला सूखता है।
  5. नाक से खून आना (Nosebleeds): मुड़े हुए हिस्से की परत सूखने से नसें फट जाती हैं।

सेप्टोप्लास्टी (Septoplasty): डीएनएस का स्थायी इलाज

दवाइयों और नेजल स्प्रे से केवल एलर्जी या सूजन को कुछ समय के लिए दबाया जा सकता है, लेकिन टेढ़ी हड्डी को सीधा करने का एकमात्र वैज्ञानिक तरीका सेप्टोप्लास्टी (Septoplasty) है।

एंडोस्कोपिक सेप्टोप्लास्टी के फायदे:

  • कोई बाहरी चीरा या निशान नहीं: पूरी सर्जरी नाक के नथुने के अंदर से हाई-डेफिनिशन एंडोस्कोप की मदद से की जाती है। चेहरे पर कोई कट नहीं लगता।
  • दर्द रहित और सुरक्षित: आधुनिक एनेस्थीसिया तकनीक से मरीज को कोई दर्द नहीं होता।
  • तेज रिकवरी: मरीज को आमतौर पर 24 घंटे के अंदर अस्पताल से छुट्टी मिल जाती है और 3-4 दिनों में वह सामान्य दिनचर्या में लौट सकता है।

डॉ. संगीता सेंगर (मेडी हेल्प हॉस्पिटल, कानपुर)

डॉ. संगीता सेंगर ने जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज एवं प्रतिष्ठित संस्थानों से प्रशिक्षण प्राप्त किया है और वे कानपुर में सफल एंडोस्कोपिक नेजल एवं साइनस सर्जरी के लिए जानी जाती हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल (FAQs)

Q1: क्या सेप्टोप्लास्टी से मेरे चेहरे या नाक का बाहरी आकार बदल जाएगा?
नहीं, सेप्टोप्लास्टी अंदरूनी सांस की नली को सीधा करने के लिए होती है। यदि कोई मरीज नाक का बाहरी आकार भी ठीक कराना चाहता है, तो सेप्टो-राइनोप्लास्टी (Septorhinoplasty) की जाती है।

Q2: क्या सेप्टोप्लास्टी के बाद हड्डी दोबारा टेढ़ी हो सकती है?
नहीं, एक बार विशेषज्ञ सर्जन द्वारा सेप्टम सीधा कर दिए जाने के बाद परिणाम जीवनभर के लिए स्थायी होते हैं।